नागपुर: पांचपावली-दिघोरी फ्लाईओवर आज शाम से आम लोगों के लिए, फडणवीस-गडकरी करेंगे उद्घाटन
नागपुर के पांचपावली-दिघोरी फ्लाईओवर का ट्रायल रन सफल रहने के बाद आज शाम 4.30 बजे से इसे यातायात के लिए खोल दिया जाएगा।
नागपुर में लंबे समय से जिस फ्लाईओवर का इंतजार हो रहा था, वह अब आम जनता के लिए तैयार है। पांचपावली-दिघोरी फ्लाईओवर आज शनिवार शाम 4.30 बजे ट्रैफिक के लिए खोल दिया जाएगा। इसका उद्घाटन मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी की मौजूदगी में होगा।
14 सितंबर की आधी रात इस फ्लाईओवर का ट्रायल रन किया गया था, जो सफल रहा। ट्रायल के सफल होने के बाद ही इसे आम यातायात के लिए खोलने की तैयारी पूरी की गई। उद्घाटन के बाद इस अहम मार्ग पर यातायात व्यवस्था में बदलाव आने की उम्मीद जताई जा रही है।
यह फ्लाईओवर इंदौरा चौक से शुरू होकर एनएच-353डी पर स्थित दिघोरी चौक तक जाता है। यह रास्ता घनी आबादी वाले शहरी इलाके से गुजरता है, जहां ढेरों दुकानें, बाजार और व्यावसायिक प्रतिष्ठान होने की वजह से हमेशा ट्रैफिक का दबाव बना रहता है। इस मार्ग पर छोटी कारों, दोपहिया वाहनों, ऑटो, कमर्शियल गाड़ियों और पैदल चलने वालों की भीड़ लगी रहती है। इसके अलावा यहां 3 बड़े और 11 छोटे जंक्शन हैं, जिनकी वजह से अक्सर जाम लगता है और हादसे भी होते रहते हैं। रेलवे क्रॉसिंग की वजह से भी ट्रैफिक पर असर पड़ता है।
प्रोजेक्ट की कुल लंबाई 8.90 किलोमीटर है, जिसमें असली फ्लाईओवर का हिस्सा 6.37 किलोमीटर लंबा है, बाकी सर्विस रोड और स्लिप रोड मिलकर 13.82 किलोमीटर बनते हैं। इस पूरे प्रोजेक्ट की स्वीकृत लागत 1,998.27 करोड़ रुपये है, जबकि सिविल कंस्ट्रक्शन पर 684.88 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं। काम की शुरुआत 1 जुलाई 2023 को हुई थी और इसे पूरा करने के लिए 30 जून 2026 की तारीख तय की गई थी।
फ्लाईओवर खुलने से लोकल लोगों को आने-जाने में सहूलियत मिलने की उम्मीद है। इससे भंडारा और उमरेड की तरफ जाने वाला ट्रैफिक लोकल ट्रैफिक से अलग हो सकेगा, जिससे दोनों तरह की आवाजाही ज्यादा आसानी से चल पाएगी। मकसद यह है कि इस बिजी रोड पर जाम की दिक्कत कम हो और ट्रैफिक ठीक से बंट सके। उद्घाटन के बाद असली ट्रैफिक चलने पर ही इसका असली फायदा दिखेगा।
फ्लाईओवर की खास बातें एक नजर में: कुल लंबाई 8.90 किमी, असली फ्लाईओवर 6.37 किमी, सर्विस रोड और स्लिप रोड मिलकर 13.82 किमी, स्वीकृत लागत 1,998.27 करोड़ रुपये, सिविल निर्माण लागत 684.88 करोड़ रुपये, काम की शुरुआत 1 जुलाई 2023 और पूरा होने की तय तारीख 30 जून 2026।