एम्स दिल्ली में एमबीबीएस की 5 साल की पूरी फीस सिर्फ 5,856 रुपये
देश के सबसे नामी मेडिकल कॉलेज में डॉक्टर बनने का खर्च महीने के 100 रुपये से भी कम बैठता है।
भारत में एमबीबीएस की पढ़ाई करना आमतौर पर बहुत महंगा माना जाता है। प्राइवेट मेडिकल कॉलेजों में एक साल की फीस ही 10 से 20 लाख रुपये तक पहुंच जाती है, जिसकी वजह से मिडिल क्लास और गरीब घर के बच्चों का डॉक्टर बनने का सपना अक्सर अधूरा रह जाता है।
लेकिन देश में एक ऐसा मेडिकल कॉलेज भी है जहां टॉप क्वालिटी की पढ़ाई मिलने के बावजूद एमबीबीएस के पूरे 5 साल की फीस केवल 5,856 रुपये है। यानी महीने का खर्च 100 रुपये से भी कम पड़ता है। यह और कोई नहीं, देश की सबसे बड़ी मेडिकल संस्था एम्स दिल्ली (AIIMS Delhi) है।
एम्स दिल्ली सिर्फ भारत ही नहीं, बल्कि एशिया की सबसे अच्छी मेडिकल संस्थाओं में गिना जाता है। एनआईआरएफ रैंकिंग (NIRF Ranking) में यह संस्था हमेशा पहले नंबर पर रहती है।
फीस का पूरा हिसाब देखें तो एमबीबीएस की 5 साल की कुल फीस सिर्फ 5,856 रुपये है। इसमें से ट्यूशन फीस पूरे कोर्स के लिए करीब 1,350 रुपये है। हॉस्टल और मेस की सुविधा भी बहुत ही कम दाम में मिल जाती है। एम्स के अलावा जेआईपीएमईआर पुडुचेरी (JIPMER Puducherry) और बाकी राज्यों के सरकारी मेडिकल कॉलेजों में भी फीस काफी कम रहती है, पर एम्स दिल्ली की फीस सबसे कम है।
अब सवाल यह है कि एम्स में एडमिशन कैसे मिलता है। यहां एडमिशन जितना फायदे का सौदा है, उतना ही मुश्किल भी माना जाता है। सबसे पहले उम्मीदवार को नीट यूजी (NEET UG) यानी नेशनल एलिजिबिलिटी कम एंट्रेंस टेस्ट की परीक्षा देनी पड़ती है। इसके बाद टॉप रैंक चाहिए होती है। एम्स दिल्ली में आम तौर पर 700 से ज्यादा नंबर लाने वाले और ऑल इंडिया रैंक (AIR) 1 से 50 के बीच आने वाले टॉपर्स को ही एमबीबीएस की सीट मिल पाती है।
इतनी कम फीस होने के बावजूद यहां पढ़ाई का स्तर शानदार है। स्टूडेंट्स को वर्ल्ड क्लास लैब, इंटरनेशनल लेवल के प्रोफेसर और मरीजों के सीधे इलाज का जबरदस्त अनुभव मिलता है।