दिल्ली सरकार अब खिलाड़ियों को हर महीने देगी 2000 रुपये की मदद
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में मुख्यमंत्री खेल प्रोत्साहन योजना को मंजूरी दी गई है।
दिल्ली के युवा खिलाड़ियों के लिए एक राहत भरी खबर आई है। दिल्ली सरकार ने तय किया है कि राज्य के तालीम ले रहे खिलाड़ियों को हर महीने सीधे 2,000 रुपये की आर्थिक मदद दी जाएगी। यह फैसला मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की अध्यक्षता में गुरुवार को हुई कैबिनेट बैठक में लिया गया, जिसमें मुख्यमंत्री खेल प्रोत्साहन योजना को औपचारिक मंजूरी मिल गई।
सरकार का कहना है कि यह कदम खेल के क्षेत्र को बढ़ावा देने और जमीनी स्तर यानी बिल्कुल शुरुआती स्तर पर मेहनत कर रहे प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को सहारा देने के मकसद से उठाया गया है। इस रकम से खिलाड़ी अपना खेल सामान और ट्रेनिंग का खर्च उठा सकेंगे, जो अक्सर आर्थिक तंगी की वजह से अधूरा रह जाता है।
यह मदद योजना के तहत ग्रासरूट ट्रेनिंग सपोर्ट असिस्टेंस के जरिए दी जाएगी। इसका फायदा उन्हीं युवा खिलाड़ियों को मिलेगा जो दिल्ली सरकार के आधिकारिक स्पोर्ट्स सेंटर या स्टेडियम में नियमित रूप से ट्रेनिंग ले रहे हैं। सरकार का दावा है कि इस फैसले से दिल्ली के हजारों खिलाड़ियों को राहत मिलेगी और उन्हें राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश का नाम रोशन करने के लिए और हौसला मिलेगा।
योजना के नियमों के मुताबिक, हर आधिकारिक स्पोर्ट्स सेंटर या स्टेडियम में जितने खिलाड़ी नियमित रूप से रजिस्टर्ड हैं, उनमें से ज्यादा से ज्यादा 25 प्रतिशत खिलाड़ियों को ही यह आर्थिक मदद दी जाएगी।
इस योजना का फायदा चार उम्र वर्गों के खिलाड़ियों को मिलेगा, अंडर-14 यानी 14 साल से कम उम्र के, अंडर-17, अंडर-19 और अंडर-21 वर्ग के खिलाड़ी। सिर्फ आवेदन कर देने से यह मदद मिल जाएगी, ऐसा नहीं है। खिलाड़ियों का चुनाव पारदर्शी तरीके से किया जाएगा।
चयन करते वक्त खिलाड़ी का मैदान पर प्रदर्शन, उसकी खेल क्षमता, अभ्यास यानी प्रैक्टिस में नियमित हाजिरी, अनुशासन और परिवार की आर्थिक जरूरत जैसी बातों को अहम माना जाएगा। आम तौर पर एक स्पोर्ट्स सेंटर या स्टेडियम से ज्यादा से ज्यादा 100 खिलाड़ियों का ही इस मदद के लिए चुनाव किया जाएगा।